लेखपाल भर्ती परीक्षाः रेलवे ग्रुप डी का कर्मचारी निकला सॉल्वर गैंग का सरगना, तलाश में STF


हाइलाइट्स

वह शामली के इलम रेलवे स्टेशन पर तैनात है.
सुमित फिलहाल एसटीएफ की पकड़ से दूर है.

मेरठ. लेखपाल भर्ती परीक्षा में सॉल्वर गैंग के मंसूबे नाकाम करने के बाद एसटीएफ की टीम ने एक बड़ा खुलासा किया है. सॉल्वर गैंग का सरगना सुमित रेलवे का ग्रुप डी का कर्मचारी है. वह शामली के इलम रेलवे स्टेशन पर तैनात है लेकिन असल में सुमित सॉल्वर गैंग चलाता है, जिसने अब तक दर्जनों अभ्यर्थियों को ठगा है.

सुमित फिलहाल एसटीएफ की पकड़ से दूर है. एसटीएफ सुमित की तलाश में पश्चिम उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों में दबिश दे रही है लेकिन अभी तक सुमित का कोई पता नहीं चल सका है. बता दें कि सुमित लेखपाल भर्ती परीक्षा मैं सॉल्वर गैंग का सरगना है. सुमित शामली के इलम रेलवे स्टेशन पर ग्रुप डी का कर्मचारी भी है. सॉल्वर गैंग चलाने वाला सुमित 10 लाख रुपए प्रति अभ्यर्थी लेकर परीक्षा में पास कराने का ठेका लेता है.

सॉल्वर का ही होता था फिंगरप्रिंट
सॉल्व करने के लिए इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस का सहारा लिया जाता है. सॉल्वर गैंग हाईटेक तरीके से काम करता है. फॉर्म भरने से पहले ही परीक्षा में पास कराने का ठेका ले लिया जाता है. इसके लिए मोटी रकम भी वसूली जाती है. वहीं, फॉर्म भरते समय जो सॉल्वर परीक्षा देने जाने वाला होता है, उसी का फिंगरप्रिंट स्कैन कराया जाता है.

बागपत का रहने वाला है सुमित
फिलहाल एसटीएफ मेरठ यूनिट में मुरादाबाद से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिसमें 2 सॉल्वर, एक अभ्यर्थी और एक सरगना सुमित का साथी है. वहीं, अब कई जिलों की पुलिस और एसटीएफ की टीम सुमित की तलाश में जुटी है. बागपत के रहने वाले सुमित की तलाश में एसटीएफ की टीम जगह-जगह दबिश दे रही है.

TET परीक्षा में भी हाथ
टीईटी परीक्षा में धांधलेबाजी से भी सुमित के तार जोड़े जा रहे हैं. एसटीएफ के अधिकारियों की मानें तो इसे लेकर शक टीईटी परीक्षा के समय पर भी था लेकिन तब सुमित का नाम प्रकाश में नहीं आया था. अब लेखपाल भर्ती के मामले में नाम प्रकाश में आते ही सुमित की पहचान कर ली गई है. फिलहाल उसकी गिरफ्तारी पर एसटीएफ का फोकस है.

Tags: Exam, Meerut news, UP Lekhpal Recruitment



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