इटावा: व्यापारी के अपहरण के आरोपियों को 12 साल बाद सजा, 6 आरोपियों को उम्रकैद


हाइलाइट्स

12 साल पहले दुकानदार का किया था अपहरण.
आजीवन कारावास और पांच-पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा.

इटावा. उत्तर प्रदेश के इटावा में अदालत ने 12 साल पुराने अपहरण के एक मामले में 6 आरोपियों को उम्रकैद और पांच-पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है. अभियोजन पक्ष के अनुसार उम्रकैद की यह सजा विशेष न्यायाधीश दस्यु प्रभावित क्षेत्र अधिनियम कुमार प्रशांत ने पक्ष एंव विपक्ष की बहस के बाद सुनाई. 15 सितंबर 2009 को व्यापारी रामसेवक दुकान से घर लौटते समय लापता हो गए थे.

इटावा के विशेष शासकीय अधिवक्ता कौशलेंद्र सिंह तोमर ने बताया कि इटावा के भरथना चौराहा वासी रामसेवक की मंडी के निकट मोबाइल व स्टील फर्नीचर की दुकान थी. 15 सितंबर 2009 को दोपहर 12 बजे वह खाना खाने के लिए दुकान से घर लौट रहे थे. रास्ते से रामसेवक लापता हो गए थे. खोजबीन के बाद पता न चलने पर मां सरोज देवी ने 26 सितंबर को सिविल लाइन थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी. 26 सितंबर की शाम को भांजे राकेश के मोबाइल पर फोन आया, ​जिसमें रामसेवक ने रोते हुए अपने अपहरण की जानकारी दी और फिरौती के लिए पैसों का इंतजाम करने के लिए कहा.

ऐसे पुलिस ने रामसेवक को किया बरामद
रामसेवक ने जंगल में होने की जानकारी दी थी. एक अक्बटूर 2009 को पुलिस ने अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कर छानबीन शुरू की थी. मोबाइल नंबर के आधार पर 4 अक्टूबर को शिवा कॉलोनी, नई मंडी निवासी (मूल निवास नीमासई, चौबिया) विकास यादव और इकदिल के मानिकपुर निवासी अशोक को जिला अस्पताल से गिरफ्तार कर किया गया. दोनों की निशानदेही पर पुलिस ने रामसेवक को बरामद किया. पूछताछ के आधार पर पुलिस ने आगरा के जैतपुर थाना क्षेत्र के कमौनी निवासी गब्बर सिंह, सूरज उर्फ मुखिया, रामसेवक उर्फ कल्लू यादव और मानिकपुर निवासी रमेश को भी गिरफ्तार किया था.

आजीवन कारावास और अर्थदंड
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र कोर्ट में दाखिल किया था. विशेष न्यायाधीश दस्यु प्रभावित क्षेत्र अधिनियम ने विशेष शासकीय अधिवक्ता की ओर से पेश किए गए साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर सभी 6 आरोपियों को दोषी करार दिया. शासकीय अधिवक्ता ने बताया कि जुर्माना अदा न करने पर दोषियों को 15 दिन का अतिरिक्त कारावास भोगना पडे़गा. 12 वर्ष पहले हुए अपहरण के मामले में साक्ष्यों के आधार पर छह आरोपियों को गुरुवार को दोषी करार दिया गया. अदालत ने दोषियों को आजीवन कारावास और पांच-पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है.

Tags: Etawah news, Kidnapping Case, Uttar pradesh news



Source link

more recommended stories